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One question

Started by Nagma Nigar. Last reply by Sakshi garg Aug 30, 2020. 8 Replies

My question is that if you leave someone special and that person don't want that you that leave his/her. For this reason, that person become angry, proudy, bad boy/girl. This spoils his/her life. You only want his/her happiness and well life. Then…Continue

online/relation...

Started by Matu Sojitra. Last reply by Hasmukh amathalal mehta Jul 17, 2018. 2 Replies

એક કોલેજીયન યુવક કોલેજમાં રજા હોવાથી આજે ઘરે હતો. યુવકના દાદાએ યુવકને કહ્યુ, " બેટા, મારે નવા ચશ્મા લેવાના છે તું મારી સાથે ચાલને ?" મોબાઇલ પર ચેટીંગ કરતા યુવકને દાદાની આ દરખાસ્ત ન ગમી. એમણે દાદાને કહ્યુ, " દાદાજી, જમાનાની સાથે હવે તમારી જાતને પણ…Continue

સુખનું એક દ્વાર બંધ થઈ જવાની સાથે બીજું દ્વાર ખૂલી જતું હોય છે

Started by Jigar Sutaria. Last reply by kinjal chavda Dec 23, 2017. 23 Replies

સુખનું એક દ્વાર બંધ થઈ જવાની સાથે બીજું દ્વાર ખૂલી જતું હોય છે, પરંતુ આપણે બંધ દ્વાર તરફ એટલો બધો સમય જોતા રહીએ છીએ કે ખુલ્લું દ્વાર જોઈ જ શકતા નથી.Continue

Currency Note Ban! Right or Wrong?

Started by Vishal Prajapati. Last reply by Vishal Prajapati Nov 20, 2016. 2 Replies

1) શું ખરેખર આ ફાયદાકારક છે? જો છે તો કંઈ રીતે?2) સૌથી મોટા પાયે આ પગલું સમાજનાં કયાં વર્ગને અને કંઈ રીતે અસર કરશે?3) સામાન્ય માણસનો આ પગલામાં શું રોલ?4) આ સમયે સરકાર અને તેનાં વિરોધ પક્ષની જવાબદારીઓ શુ?5) શું નિર્ણય ખોટો કે ઊભી થયેલી અસુંવિધાઓ?આ…Continue

 

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पंच तत्व

जब मुझे पता चला कि तुम पानी हो तो मै भीग गया सिर से पांव तक ।जब मुझे पता चला कि तुम हवा की सुगंध हो तो मैंने एक श्वास में समेट लिया तुम्हे अपने भीतर।जब मुझे पता चला कि तुम मिट्टी हो तो मै जड़ें बनकर समा गया तुम्हारी आर्द्र गहराइयों में।जब मुझे मालूम हुआ कि तुम आकाश हो तो मै फैल गया शून्य बनकर।अब मुझे बताया जा रहा है कि तुम आग भी हो••• तो मैंने खूद को बचा कर रख है तुम्हारे लिए।See More
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इस बात से डर लगता है

रूठ जाने को दिल चाहता है पर मनाओगे या नही इस बात से डर लगता है आंखों से बहते है झरने से आंसूतुम हंसाओगे या नहीइस बात से डर लगता हैकहते हो मुझ में खूबी बहुत हैगले से लगाओगे या नहीइस बात से डर लगता हैइंतज़ार पर तेरे तो हक़ है मेरापर इस राह से आओगे या नहीइस बात से डर लगता हैज़ख़्म इतने है के दिखा ना सकेमरहम लगाओगे या नहीइस बात से डर लगता हैतेरे लिए मौत को भी गले लगा लेआखिरी पल देखने आओगे या नहीइस बात से डर लगता हैमेरे होने न होने से तुम्हें फर्क पड़ता हैये अहसास कराओगे या नही इस बात से डर लगता हैइस बात से डर लगता है...See More
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पंच तत्व

Posted by Sakshi garg on February 16, 2021 at 11:18pm 0 Comments

जब मुझे पता चला कि तुम पानी हो
तो मै भीग गया सिर से पांव तक ।

जब मुझे पता चला कि तुम हवा की सुगंध हो
तो मैंने एक श्वास में समेट लिया तुम्हे अपने भीतर।

जब मुझे पता चला कि तुम मिट्टी हो
तो मै जड़ें बनकर समा गया तुम्हारी आर्द्र गहराइयों में।

जब मुझे मालूम हुआ कि तुम आकाश हो
तो मै फैल गया शून्य बनकर।

अब मुझे बताया जा रहा है कि तुम आग भी हो•••
तो मैंने खूद को बचा कर रख है तुम्हारे लिए।

तुम !

Posted by Jasmine Singh on February 16, 2021 at 7:23pm 0 Comments

Posted by Monica Sharma on January 30, 2021 at 10:38am 0 Comments

Posted by Monica Sharma on January 29, 2021 at 6:07pm 0 Comments

इस बात से डर लगता है

Posted by Monica Sharma on January 24, 2021 at 11:02pm 0 Comments

रूठ जाने को दिल चाहता है

पर मनाओगे या नही

इस बात से डर लगता है

आंखों से बहते है झरने से आंसू

तुम हंसाओगे या नही

इस बात से डर लगता है

कहते हो मुझ में खूबी बहुत है

गले से लगाओगे या नही

इस बात से डर लगता है

इंतज़ार पर तेरे तो हक़ है मेरा

पर इस राह से आओगे या नही

इस बात से डर लगता है

ज़ख़्म इतने है के दिखा ना सके

मरहम लगाओगे या नही

इस बात से डर लगता है

तेरे लिए मौत को भी गले लगा ले

आखिरी पल देखने आओगे या नही

इस…

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प्यार का रिश्ता

Posted by Monica Sharma on January 7, 2021 at 6:50pm 0 Comments

शानदार रिश्ते चाहिए

तो उन्हें गहराई से निभाएं

भूल होती है सभी से

पर अपनों के ज़ख्मों पर मरहम लगाए

तेरी मीठी सी मुस्कान

दवा सा असर दिखाती है

कंधे पर रख कर सिर

जब तू मुझे समझाती है

ग़म की गहरी काली रात भी

खुशनुमा सुबहों में बदल जाती है

मैं साथ हूं तेरे ये बात जब तू दोहराती है

मिस्री सी जैसे मेरे कानों में घुल जाती है

सुनो। कह कर जब बहाने से तू मुझे बुलाती है

मेरे" जी" कहने पर फिर आंखों से शर्माती है

बिन कहे तू जब इतना प्यार…

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मेरा सच

Posted by Monica Sharma on January 7, 2021 at 6:30pm 0 Comments

जवाब दे सको शायद

ये तेरे लिए मुमकिन ही नही

मगर इंतजार पर आपके

बस हक़ है मेरा

बिन कहे तेरी आंखों को पढ़

ले जिस दिन

समझो इश्क़ मुकमिल हुआ मेरा उस दिन

हसरत है तेरी ज़रूरत नहीं ख्वाहिश बन जाएं

जिद है मेरी हर सांस पे तेरा नाम आए

जिस दिन देख मेरी आंखों की नमी

तुझे महसूस हो जाएं कहीं मेरी कमी

मेरे सवाल तुमसे जुड़ने का बहाना है

वरना हमें भीड़ में भी नही ठिकाना है

जीते है तुझे खुश करने को हम

तेरे आंगन में खुशियों के रंग भरने को…

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