March 2015 Blog Posts (111)

शिक़वा नहीं बस पूछ लिया आख़िर ... Boss is always right ======================तेज़ हुई बरसात और फिर फसल गयी सब हाथ कैसा फागुन आया सारे रंग ले गया साथ दिखता मुझको आसमान में रंगीं इंद्र धनुष धरती के सपनों …

शिक़वा नहीं बस पूछ लिया 
आख़िर ... Boss is always right 
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तेज़ हुई बरसात और फिर फसल गयी सब हाथ 
कैसा फागुन आया सारे रंग ले गया साथ 
दिखता मुझको आसमान में रंगीं इंद्र धनुष 
धरती के सपनों की चोरी क्यों कर बैठे नाथ 
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Added by gunjan shrivastava on March 3, 2015 at 7:39pm — No Comments

good evening :) <3 =============== रंग हज़ारों ज़ेहन में और चेहरा गुलाबी होली में एक ख़ुमारी भंग की उसपे अदा शबाबी होली में मौज ले गया कोई भँवरा भोलेपन को धता बता हर एक नशे से बढ़कर है ये इश्क़ शराबी होली…

good evening :) <3

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रंग हज़ारों ज़ेहन में और चेहरा गुलाबी होली में 
एक ख़ुमारी भंग की उसपे अदा शबाबी होली में 
मौज ले गया कोई भँवरा भोलेपन को धता बता 
हर एक नशे से बढ़कर है ये इश्क़ शराबी होली में 
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Added by gunjan shrivastava on March 3, 2015 at 7:33pm — 1 Comment

Read Shabd issue 5 on syahee,com

Added by Facestorys.com Admin on March 3, 2015 at 3:25pm — No Comments

ek sapnu

તું નથી અને તારા ના હોવાનું ભાન છે મનને
પણ તને ક્યારેક તો પામી શકીશ એવી આશા છે મનને
છે આપણે નદીના કિનારા, સમાંતરે જ ચાલ્યા કરવાના
ક્યારેક તો આ કિનારા નામશેષ થશે સાગરના સંગમમાં
છીએ પૃથ્વી અને આકાશ, છે વચ્ચે અંતર જોજન
ક્યારેક તો કોઈક ક્ષિતિજે શૂન્ય થઈ જશે આ અંતર
તું સુરજ અને હું ચાંદ, સંતાકુડી જ રમવાના
પણ કોઈ સમી સાંજની આવશે એક માત્ર પળ
જ્યાં આપણે એકબીજામાં ખોવાઈ જવાના.

Added by Gopi M.Bhatt on March 3, 2015 at 10:23am — No Comments

Shabd Issue 5 launching today!

Added by Facestorys.com Admin on March 3, 2015 at 10:17am — No Comments

અવગણના

વેદનાને ય અંતે વેદના થાય છે,
પૂછે હવે: 'કાં મને અવગણાય છે?'

જનક મ. દેસાઈ 

Added by Janak Desai on March 2, 2015 at 10:11pm — No Comments

मशऱुफ है सब ……

मशऱुफ है सब ……

 

मशऱुफ है सब  अपनी जिंदगी में,

एक पल किसी का मिल  जाए‌‌।

हम तो किसी के हो ना शके,

चल किसी और के हो जाए।

 

जिंदगी ने दिए कुछ ऐसे जख्म,

कि दवा ददॅ का कारण बन जाए।

फटे बिखरे  है जिंदगी के पन्ने,

समेट लू उसे तो उसे तो किताब बन जाए।

 

हँस लेते है कुछ लोग,

जब कोई गलती हो जाए।

इक मुकाम पर पहुँचकर हमने देखा जब,

तो हँसनेवाला कोई नजर न आए।

तीरथ में आकर बिखरे वो…

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Added by Badal Panchal on March 2, 2015 at 7:52pm — No Comments

એક ગઝલ

નિંદ્રામાંથી કોઈ ઉઠ્યું નહિ,
ચિત્ર સજીવ ભલે મૂક્યું નહિ !

મળવામાં મસ્તી તો જુઓ,
કેમ છો કેમ નહીં પૂછ્યું નહિ!

એક ચિત્તે તે મને પીધો તોય,
મારામાં કંઈ પણ ખૂટ્યું નહિ?

આ પૂતળું નિર્જીવ લાગે છે,
લોહી-ટસર જેવું ફૂટ્યું નહિ.!

વચગાળાની રાહત લેવા,
નિંદ્રામાંથી કોઈ ઉઠ્યું નહિ?

-સૂર્ય (Suryakant Narsinh)

Added by Suryakant Narsinh on March 2, 2015 at 4:05pm — No Comments

बज़्म-ए-अदब

बज़्म-ए-अदब मे सामिल कुछ खास दोस्तों के लिए :

अहल-ए-अदब, अहल-ए-अल्फ़ाज़ आप, क्या न फरमाया आपने,

लफ़्ज़-दर-लफ़्ज़, लफ़्ज़ी आबगीनों से क्या क्या पिलाया आपने !…

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Added by Janak Desai on March 2, 2015 at 9:08am — No Comments

गूफ्तगु

गूफ्तगु खुद से ही कर लेता हूँ मैं ,

बहुत दूर से आती है जो.. वो

आवाज़ सून लेता हूँ मैं ,

रूह की बात रूह तक

पर, कभी…

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Added by Janak Desai on March 2, 2015 at 9:04am — No Comments

એક કવિતા : એક મહેણું વાગી ગયું.

સનનન કંઈક છૂટ્યું ...

ચાર દીવાલોમાં સાચવેલું અચાનક ડહોળાઈ ગયું

કેટલુંય તરડાઇ ગયું ને કેટલુંય નંદવાઈ ગયું ,

ગુચળું વળી મહી સુતું હતું ,તે પણ સોરવાઈ ગયું

એક આવેગમાં ઉકલ્યું વણઉકલ્યું ખોરવાઈ ગયું.



તડાક કંઈક તૂટ્યું ....

ભેગું કરેલું આજ લગી જે પલકારે ઢોળાઈ ગયું

લીસું મુલાયમ ઝરી ગયું, બાકીનું શોષાઈ ગયું,

સાચવીને ભર્યું હતું મન જેમાં,એ નીર સુકાઈ ગયું

એક અભાવની લહેરમાં સારું નરસું તણાઈ ગયું.



જાળવીને કંઈક જોડયું...

લાગણીઓના ટાંકા દીધા… Continue

Added by Rekha patel ( vinodini) on March 1, 2015 at 8:45pm — No Comments

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परिक्षा

Posted by Hemshila maheshwari on March 10, 2024 at 5:19pm 0 Comments

होती है आज के युग मे भी परिक्षा !



अग्नि ना सही

अंदेशे कर देते है आज की सीता को भस्मीभूत !



रिश्तों की प्रत्यंचा पर सदा संधान लिए रहेता है वह तीर जो स्त्री को उसकी मुस्कुराहट, चूलबलेपन ओर सबसे हिलमिल रहेने की काबिलियत पर गडा जाता है सीने मे !



परीक्षा महज एक निमित थी

सीता की घर वापसी की !



धरती की गोद सदैव तत्पर थी सीताके दुलार करने को!

अब की कुछ सीता तरसती है माँ की गोद !

मायके की अपनी ख्वाहिशो पर खरी उतरते भूल जाती है, देर-सवेर उस… Continue

ग़ज़ल

Posted by Hemshila maheshwari on March 10, 2024 at 5:18pm 0 Comments

इसी बहाने मेरे आसपास रहने लगे मैं चाहता हूं कि तू भी उदास रहने लगे

कभी कभी की उदासी भली लगी ऐसी कि हम दीवाने मुसलसल उदास रहने लगे

अज़ीम लोग थे टूटे तो इक वक़ार के साथ किसी से कुछ न कहा बस उदास रहने लगे

तुझे हमारा तबस्सुम उदास करता था तेरी ख़ुशी के लिए हम उदास रहने लगे

उदासी एक इबादत है इश्क़ मज़हब की वो कामयाब हुए जो उदास रहने लगे

Evergreen love

Posted by Hemshila maheshwari on September 12, 2023 at 10:31am 0 Comments

*પ્રેમમય આકાંક્ષા*



અધૂરા રહી ગયેલા અરમાન

આજે પણ

આંટાફેરા મારતા હોય છે ,

જાડા ચશ્મા ને પાકેલા મોતિયાના

ભેજ વચ્ચે....



યથાવત હોય છે

જીવનનો લલચામણો સ્વાદ ,

બોખા દાંત ને લપલપતી

જીભ વચ્ચે



વીતી ગયો જે સમય

આવશે જરુર પાછો.

આશ્વાસનના વળાંકે

મીટ માંડી રાખે છે,

ઉંમરલાયક નાદાન મન



વળેલી કેડ ને કપાળે સળ

છતાંય

વધે ઘટે છે હૈયાની ધડક

એના આવવાના અણસારે.....



આંગણે અવસરનો માહોલ રચી

મૌન… Continue

जिन्दा हों तो जिंदगी कि मिसाल बनो

Posted by Pooja Yadav shawak on July 31, 2021 at 10:01am 0 Comments

जिन्दा हों तो जिंदगी कि मिसाल बनो

झूठ का साथी नहीं सच का सवाल बनो

यूँ तो जलती है माचिस कि तीलियाँ भी

बात तो तब है जब धहकती मशाल बनो



रोक लो तूफानों को यूँ बांहो में भींचकर

जला दो गम का लम्हा दिलों से खींचकर

कदम दर कदम और भी ऊँची उड़ान भरो

जिन्दा हों तो जिंदगी कि मिसाल बनो

झूठ का साथी नहीं सच का सवाल बनो



यूँ तो अक्सर बातें तुझ पर बनती रहेंगी

तोहमते तो फूल बनकर बरसा ही करेंगी

एक एक तंज पिरोकर जीत का हार करो

जिन्दा हों तो जिंदगी… Continue

No more pink

Posted by Pooja Yadav shawak on July 6, 2021 at 12:15pm 1 Comment

नो मोर पिंक

क्या रंग किसी का व्यक्तित्व परिभाषित कर सकता है नीला है तो लड़का गुलाबी है तो लड़की का रंग सुनने में कुछ अलग सा लगता है हमारे कानो को लड़कियों के सम्बोधन में अक्सर सुनने की आदत है.लम्बे बालों वाली लड़की साड़ी वाली लड़की तीख़े नयन वाली लड़की कोमल सी लड़की गोरी इत्यादि इत्यादि

कियों जन्म के बाद जब जीवन एक कोरे कागज़ की तरह होता हो चाहे बालक हो बालिका हो उनको खिलौनो तक में श्रेणी में बाँट दिया जता है लड़का है तो कार से गन से खेलेगा लड़की है तो गुड़िया ला दो बड़ी हुई तो डांस सिखा दो जैसे… Continue

यूँ ही मिल जाती जिंदगी तो क्या बात थी

Posted by Pooja Yadav shawak on June 25, 2021 at 10:04pm 0 Comments

यूँ ही मिल जाती जिंदगी तो क्या बात थी
मुश्किलों ने तुझे पाने के काबिल बना दिया
न रुलाती तू मुझे अगर दर्द मे डुबो डुबो कर
फिर खुशियों की मेरे आगे क्या औकात थी
तूने थपकियों से नहीं थपेड़ो से सहलाया है
खींचकर आसमान मुझे ज़मीन से मिलाया है
मेरी चादर से लम्बे तूने मुझे पैर तो दें डाले
चादर को पैरों तक पहुंचाया ये बड़ी बात की
यूँ ही मिल जाती जिंदगी तो क्या बात थी
मुश्किलों ने तुझे पाने के काबिल बना दिया
Pooja yadav shawak

Let me kiss you !

Posted by Jasmine Singh on April 17, 2021 at 2:07am 0 Comments

वो जो हँसते हुए दिखते है न लोग अक्सर वो कुछ तन्हा से होते है पराये अहसासों को लफ़्ज देतें है खुद के दर्द पर खामोश रहते है जो पोछतें दूसरे के आँसू अक्सर खुद अँधेरे में तकिये को भिगोते है वो जो हँसते…

Posted by Pooja Yadav shawak on March 24, 2021 at 1:54pm 1 Comment

वो जो हँसते हुए दिखते है न लोग
अक्सर वो कुछ तन्हा से होते है
पराये अहसासों को लफ़्ज देतें है
खुद के दर्द पर खामोश रहते है
जो पोछतें दूसरे के आँसू अक्सर
खुद अँधेरे में तकिये को भिगोते है
वो जो हँसते हुए दिखते है लोग
अक्सर वो कुछ तन्हा से होते है

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